Friday, September 4, 2020

बाकी टीचर्स तो सिर्फ मार्क्‍स लाने पर जोर देते थे, रूमा मुखर्जी मैम ने सपनों का पीछा करने पर जोर दिया September 04, 2020 at 02:30PM

शिक्षक दिवस के मौके पर 'गली ब्वॉय' फेम अभिनेता सिद्धांत चतुर्वेदी ने अपनी फेवरेट टीचर से जुड़ी बातें दैनिक भास्कर के साथ शेयर कीं। उन्होंने बताया, 'मेरी सबसे फेवरेट स्‍कूल टीचर रूमा मुखर्जी थीं। वो इंग्लिश पढ़ाती थीं। मुझे वो सब्‍जेक्‍ट पसंद भी था। मुझे पोएट्री में मजा आता था।'

सिद्धांत ने कहा, 'रूमा मैम की वजह से इंग्लिश लिटरेचर में मेरी दिलचस्‍पी गहरी हुई। पता भी चला कि मुझे स्‍टोरी टेलिंग में आगे बढ़ना चाहिए। रूमा मैम बड़ी सपोर्टिव थीं। उन्‍होंने मुझे मोनोलॉग्‍स सिखाए। मर्चेंट ऑफ वेनिस, जूलियस सीजर जैसे प्‍लेज में एक्टिवली पार्टिसिपेट करवाया। बाकी सब लोग तो डायलॉग रट्टा मारते थे। मगर मुझे वो परफॉर्म करने पर जोर दिलवाया करती थीं।'

'वो ही मुझे मोटिवेट करती थीं'

'मैं बड़ा शर्मीला था। पर वो एनुअल डेज पर मुझे पुश करती थीं कि जाऊं और डांस करूं। उन्‍होंने मेरी झिझक तोड़ी। वो मुझे मोटिवेट करती रहीं। रूमा मैम तो अब कोलकाता मूव हो चुकी हैं। कभी कभार मैं उनसे चैट कर लेता हूं। फिल्‍म देखने के बाद उन्‍होंने मुझे मैसेज करके बताया था कि वो जानती थीं कि मैं एक दिन इस फील्‍ड में जरूर अच्‍छा करूंगा।'

'वे बाकी टीचर्स से बिल्कुल अलग थीं'

सिद्धांत के मुताबिक, 'उन्‍होंने मुझे अपने पैशन को फॉलो करना सिखाया। वो पहली पर्सन थीं, जिन्‍होंने मुझसे कहा कि मुझे एक्‍सप्रेस करना आता है। बाकी टीचर्स तो सिर्फ मार्क्‍स लाने पर जोर देते थे, मगर वे हमेशा हम सबसे अपने सपनों को साकार करने पर जोर लगाने को कहती थीं।'

'रजनी मैम पढ़ाती थीं हिंदी'

आगे उन्होंने कहा, 'हिंदी टीचर्स से जरूर डांट वांट पड़ती थी। मैं हिंदी बोल बहुत अच्‍छा लेता था, पर लिखने में मात्राओं की गलती करता था। रजनी मैम थी हमारी। उन्‍होंने मुझे लिखने पर जोर देने को कहा था। बहुत देर से पता चली, जब आठवीं-नौंवी में था, जब डांसिंग से कॉन्फिडेंस आया। मेरे कर्ली बाल थे। पीटी सर से कई बार डांट खाई। तब से ही छोटे बाल रखने लगा।'

'स्कूल के दिनों में शरीफ बच्चा था'

'स्‍कूल के दिनों में चुपचाप सा रहता था। शरीफ बच्‍चा था। कहते थे कि इंग्लिश अच्‍छी लिख लेता हूं। हिंदी में एक्‍सप्रेशन सही था। बाकी पेरेंट्स तो टीचर होते हैं। टीचर या टीचिंग सिर्फ स्‍कूल-कॉलेज तक सीमित नहीं होते। पेरेंट्स ने यही सिखाया कि जो कोई सिखाए उनके चरणस्‍पर्श करो।'
'चाहे जितने दिन इंडस्‍ट्री में हो जाए, मगर अपने सीनियर्स की इज्‍जत कभी कम मत होने देना। तो इस तरह से रितेश सिधवानी, फरहान, जोया, रणवीर सब टीचर हैं। मेरे थिएटर वाले सीनियर टीचर हैं। एमसी शेर टीचर है।'

(जैसा अमित कर्ण से शेयर किया)



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
The rest of the teachers insisted on bringing only Marx, Ruma Mukherjee Mam insisted on chasing dreams.

एक्ट्रेस अलाया एफ बोलीं- एक्टिंग कोच रितेश कांत, डांस गुरू डिंपल कोटेचा और उत्‍कर्ष चतुर्वेर्दी की शुक्रगुजार हूं, उन्‍हें सलाम है September 04, 2020 at 02:00PM

फिल्म 'जवानी जानेमन' में नजर आ चुकीं एक्ट्रेस अलाया एफ ने शिक्षक दिवस के मौके पर दैनिक भास्कर से खास बातचीत में अपने फेवरेट टीचर्स के बारे में बताया। उन्होंने कहा, 'मैं अब्रॉड से पढ़ाई पूरी करने के बाद मुंबई लौटी थी। यहां हर उस टीचर को सलाम है, जिन्‍होंने मुझे बेहतर परफॉर्मर बनने में मदद की। खासकर रितेश कांत जो मेरे एक्टिंग के ट्रेनर रहे।'

अलाया ने आगे कहा, 'डिंपल कोटेचा और उत्‍कर्ष चतुर्वेदी ने मुझे डांस की ट्रेनिंग दी। इन सबसे मैंने यही सीखा कि अगर आप वाकई दिल से कुछ करना चाहते हो तो कुछ भी नामुमकिन नहीं। खूब मेहनत करें। ढेर सारी प्रैक्टिस बार-बार करें। क्‍लास बंक ना करें। पॉजिटिव रहें।'

अलाया ने बताया, 'हमारी क्‍लासेज वीक में तीन दिन के लिए डिजाइन रहते थे, पर मैं सातों दिन क्‍लास करती थीं। उन लोगों ने मुझमें इतना बिलीव किया कि मुझ पर मोरल रेस्पॉसिबिलिटी ही आ गई थी कि मुझे रिजल्‍ट देना ही है।'

'मेरी जो थोड़ी बहुत आलोचना होती थी, वो इसलिए होती थी कि मैं जरा जिद्दी हूं। अपने काम से संतुष्‍ट नहीं होती तो उसे बार-बार करती रह जाती हूं, भले ही सामने वाला संतुष्‍ट रहे तो भी। अभी भी मुझे बहुत कुछ सीखना है। लंबा रास्‍ता तय करना है मंजिल तक पहुंचने में।'

'पेरेंट्स ने भी यही सिखाया है कि अपने सपनों को फॉलो करो। मेरे पास वंडरफुल ग्रुप है लोगों का, जो मुझे लगातर गाइड कर रहे हैं। कभी-कभी तो लगता है कि टीचर पेरेंट्स से हो गए हैं।'

(जैसा अमित कर्ण से शेयर किया)



Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
Actress alaya furniturewala thanks her Acting Coach Ritesh Kant, Dance Guru Dimple Kotecha and Utkarsh Chaturvedi on Teachers Day

Navina Bole’s father passes away, the Ishqbaaz actress pens an emotional note September 03, 2020 at 07:44PM

Navina Bole, who was last seen in Ishqbaaz and plays the role of a psychiatrist in Taarak Mehta Ka Ooltah Chashmah, took to her social media to announce the tragic news of her father’s demise. The actress penned an emotional note to share how much she loves him and how her daughter will never forget her nanu. 2020 has been particularly very difficult for all of us and things just seem to go downhill with every passing day.

Navina Bole’s father passes away, the Ishqbaaz actress pens an emotional note

Sharing a picture of him, Navina Bole wrote, “Cant think of any words that do justice to the whirlpool of emotions within me at this time. Just hope and pray that you are in a happier , more peaceful place now, where no fear, no pain can touch you. I know you will always be smiling down at us from the heavens above. I regret not having spent enough time with you and giving you the love and attention that you needed always. But know wherever you are I miss you with every bit of my heart and Kimmu will never forget her Nanu!! Love you so much Papa. .To eternity and beyond . . ❤❤❤ @virendra_bole”.

Take a look at her post.

Her colleagues from the industry also sent across their condolences and prayers.

Also Read: Taarak Mehta Ka Ooltah Chashmah: Navina Bole to come back on the show as Jethalal’s psychiatrist

Thursday, September 3, 2020

पिता ऋषि को परफेक्ट हसबैंड मानते थे रणबीर कपूर, क्योंकि पत्नी नीतू के साथ कई लड़ाइयों के बावजूद उनका प्यार कभी कम नहीं हुआ September 03, 2020 at 08:47PM

ऋषि कपूर की 4 सितंबर को बर्थ एनिवर्सरी है। 68वीं बर्थ एनिवर्सरी पर उनके बेटे रणबीर कपूर द्वारा लिखे एक इमोशनल नोट पर नजर डालते हैं जो उन्होंने ऋषि कपूर की बायोग्राफी खुल्लम खुल्ला: ऋषि कपूर अनसेंसर्ड में लिखा था जो कि 2017 में पब्लिश हुई थी।

रणबीर ने इस नोट में पिता से मिले सबसे अहम तोहफे का जिक्र किया था। रणबीर ने लिखा था, मैं शांति से बैठकर जब पिता के साथ अपने रिलेशनशिप पर नजर डालता हूं तो कह सकता हूं कि उन्होंने मुझे जिंदगी में दो सबसे बेहतरीन चीजें दी हैं। एक है मेरी बहन रिद्धिमा तो दूसरी हैं मेरी मां। पापा ने हमारे सामने उदाहरण पेश किया कि मेरी मां नीतू हमारी जिंदगियों का केंद्र बिंदु हैं। उनके रहते हुए हमें जिंदगी का कोई भी उतार-चढ़ाव छू भी नहीं पाएगा।

बेटी रिद्धिमा और बेटे रणबीर के साथ ऋषि।

पिता को कहा था बेहतरीन हसबैंड

इसके अलावा रणबीर ने इस नोट में ऋषि को बेहतरीन हसबैंड बताया था। कई आपसी मतभेदों और लड़ाइयों के बावजूद वह और नीतू साथ बने रहे। रणबीर ने कहा कि उन्होंने ऋषि का नीतू के प्रति प्यार और सम्मान कभी कम होते नहीं देखा। दोनों का प्यार उनके और रिद्धिमा के लिए एक मिसाल है और रहेगा।

ऋषि कपूर ने नीतू से 1980 में शादी की थी।

पिता के साथ पर्सनल रिलेशनशिप पर बात करते हुए रणबीर ने कहा था कि उन्हें लगता था कि एक पिता के तौर पर ऋषि उनसे वैसे ही पेश आते थे जैसे कि उनके पिता (राज कपूर) उनसे पेश आते थे। एक बेटे होने के नाते रणबीर ने कभी अपनी लाइन क्रॉस नहीं की लेकिन दोनों के बीच गैप था जिसे वो ठीक नहीं मानते थे। यही वजह है कि रणबीर अपने बच्चों के साथ रिलैक्स इक्वेशन चाहते हैं क्योंकि ऋषि ने उनके साथ कभी दोस्त जैसा व्यवहार नहीं किया।

‘एक्टिंग में कोई उनकी टक्कर का नहीं’

ऋषि कपूर के करियर पर रणबीर ने कहा था कि कोई भी अभिनेता उनके पिता की टक्कर का नहीं था। वह पर्दे पर नैचुरल और एफर्टलेस लगते थे। ओवरवेट होने के बावजूद उन्होंने अपनी एक्टिंग से दर्शकों को हमेशा बांधे रखा। यहां तक कि दूसरी पारी में अग्निपथ, दो दुनी चार, कपूर एंड संस जैसी फिल्मों के लिए कई अवॉर्ड जीतने के बाद उन्होंने यह बात साबित कर दी थी कि 44 साल फिल्म इंडस्ट्री में काटने के बाद भी उनके अंदर काफी कुछ स्पेशल बाकी था।

कैंसर से हुआ था निधन

ऋषि कपूर का 30 अप्रैल, 2020 को ल्यूकेमिया के चलते निधन हो गया था जो कि एक प्रकार का कैंसर होता है। 2018 में ऋषि कपूर को कैंसर हुआ था। इलाज के लिए वो अमेरिका गए थे। वहां 11 महीने रहने के बाद पिछले साल सितंबर में भारत लौटे थे। फरवरी 2020 में उनकी तबियत फिर खराब होनी शुरू हुई और फिर अप्रैल में वह दुनिया को अलविदा कह गए।

ऋषि कपूर की तेरहवीं पर नीतू-रणबीर।


Download Dainik Bhaskar App to read Latest Hindi News Today
Ranbir Kapoor considered father Rishi a perfect husband, because despite his many battles with wife Neetu, his love never faded